
वेनेजुएला पर US हमले के बाद नॉर्थ कोरिया अलर्ट: जहां US प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रंप वेनेजुएला पर कड़ा रुख अपना रहे हैं, वहीं नॉर्थ कोरिया के सुप्रीम लीडर किम जोंग उन ने भी बड़ी तैयारी शुरू कर दी है। नॉर्थ कोरिया की सरकारी मीडिया ने सोमवार को बताया कि तानाशाह लीडर किम जोंग उन ने एडवांस्ड हाइपरसोनिक मिसाइलों की टेस्टिंग की देखरेख की। इस दौरान किम जोंग उन ने ऐलान किया कि नॉर्थ कोरिया की न्यूक्लियर पावर अब जंग के लिए पूरी तरह तैयार है।
US एक्शन के बाद एक्शन में नॉर्थ कोरिया
प्योंगयांग में मौजूद तानाशाह सरकार ने कहा है कि हाल के जियोपॉलिटिकल संकट की वजह से रविवार का मिसाइल टेस्ट बहुत ज़रूरी हो गया था। नॉर्थ कोरिया का सीधा इशारा वेनेजुएला में US की कार्रवाई की ओर था। ध्यान देने वाली बात है कि नॉर्थ कोरिया और वेनेजुएला दोनों जगह कम्युनिस्ट सरकारें राज कर रही हैं।
जापान और साउथ कोरिया में मिसाइल टेस्ट अलर्ट
दूसरी ओर, जापान और साउथ कोरिया ने भी रविवार को कन्फर्म किया कि उन्होंने प्योंगयांग के पास से लॉन्च की गई दो बैलिस्टिक मिसाइलों का पता लगाया है। यह इस साल नॉर्थ कोरिया का पहला टेस्ट था, जो साउथ कोरिया के लीडर ली जे-म्यांग के समिट के लिए बीजिंग जाने से कुछ घंटे पहले किया गया था। हमारी न्यूक्लियर फोर्स तैयार है
नॉर्थ कोरिया की ऑफिशियल न्यूज़ एजेंसी कोरियन सेंट्रल न्यूज़ एजेंसी (KCNA) ने सोमवार को हाइपरसोनिक मिसाइल टेस्ट की डिटेल्स देते हुए कहा कि इस टेस्ट से देश की न्यूक्लियर पावर रेडीनेस साबित हुई है। रिपोर्ट में देश के ऑफिशियल नाम ‘DPRK’ का ज़िक्र करते हुए किम जोंग उन ने दावा किया कि उनकी न्यूक्लियर फोर्स ने हाल ही में असली जंग की तैयारी करने और उसे एक मज़बूत बुनियाद पर खड़ा करने में बड़ी कामयाबी हासिल की है।
रिपोर्ट के मुताबिक, किम जोंग उन ने कहा कि प्योंगयांग की इन मिलिट्री एक्टिविटीज़ का मेन मकसद धीरे-धीरे हाई लेवल पर ‘न्यूक्लियर वॉर डिटरेंस’ बनाना है। न्यूक्लियर वॉर डिटरेंस का मतलब है कि जब दोनों तरफ न्यूक्लियर वेपन हों, तो आपसी तबाही के डर से कोई एक-दूसरे पर हमला न करे और इन वेपन्स की मौजूदगी दोनों के बीच जंग टालने का काम करती है।
